نوح · जुज़ 29
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क़ुरआन का रुकू 504 पढ़ें

रुकू 504 सूरह Nuh (आयत 1 से 20) से है। इसमें 20 आयतें हैं और यह जुज़ 29 में है।

10 जुलाई 2026 को 03h52 बजे अपडेट किया गया

Ruku 504 dans le Coran

20
आयतें
1
सूरह
29
जुज़
v.1 – v.20
आयतें

Sourate dans le Ruku 504

पृष्ठ 571
रुकू 504
سورة نوح
जुज़ 29 43.6% (188/431)
हिज़्ब 57 91.3% (188/206)

يُرْسِلِ ٱلسَّمَآءَ عَلَيْكُم مِّدْرَارًۭا ﴿١١﴾

(और) तुम पर आसमान से मूसलाधार पानी बरसाएगा

وَيُمْدِدْكُم بِأَمْوَٰلٍۢ وَبَنِينَ وَيَجْعَل لَّكُمْ جَنَّـٰتٍۢ وَيَجْعَل لَّكُمْ أَنْهَـٰرًۭا ﴿١٢﴾

और माल और औलाद में तरक्क़ी देगा, और तुम्हारे लिए बाग़ बनाएगा, और तुम्हारे लिए नहरें जारी करेगा

مَّا لَكُمْ لَا تَرْجُونَ لِلَّهِ وَقَارًۭا ﴿١٣﴾

तुम्हें क्या हो गया है कि तुम ख़ुदा की अज़मत का ज़रा भी ख्याल नहीं करते

وَقَدْ خَلَقَكُمْ أَطْوَارًا ﴿١٤﴾

हालॉकि उसी ने तुमको तरह तरह का पैदा किया

أَلَمْ تَرَوْا۟ كَيْفَ خَلَقَ ٱللَّهُ سَبْعَ سَمَـٰوَٰتٍۢ طِبَاقًۭا ﴿١٥﴾

क्या तुमने ग़ौर नहीं किया कि ख़ुदा ने सात आसमान ऊपर तलें क्यों कर बनाए

وَجَعَلَ ٱلْقَمَرَ فِيهِنَّ نُورًۭا وَجَعَلَ ٱلشَّمْسَ سِرَاجًۭا ﴿١٦﴾

और उसी ने उसमें चाँद को नूर बनाया और सूरज को रौशन चिराग़ बना दिया

وَٱللَّهُ أَنۢبَتَكُم مِّنَ ٱلْأَرْضِ نَبَاتًۭا ﴿١٧﴾

और ख़ुदा ही तुमको ज़मीन से पैदा किया

ثُمَّ يُعِيدُكُمْ فِيهَا وَيُخْرِجُكُمْ إِخْرَاجًۭا ﴿١٨﴾

फिर तुमको उसी में दोबारा ले जाएगा और (क़यामत में उसी से) निकाल कर खड़ा करेगा

وَٱللَّهُ جَعَلَ لَكُمُ ٱلْأَرْضَ بِسَاطًۭا ﴿١٩﴾

और ख़ुदा ही ने ज़मीन को तुम्हारे लिए फ़र्श बनाया

لِّتَسْلُكُوا۟ مِنْهَا سُبُلًۭا فِجَاجًۭا ﴿٢٠﴾

ताकि तुम उसके बड़े बड़े कुशादा रास्तों में चलो फिरो

بسم الله الرحمن الرحيم शुक्र 24 मुहर्रम
الجمعة 24 محرّم
هلال متناقص घटता हुआ अर्धचंद्र दिन 25.2 / 29.5
रोशनी 19%
4 दिनों में अमावस्या
سبحان الله अल्लाह की पवित्रता है