तुमने सुन्नत को पा लिया और तुम्हारी नमाज़ तुम्हारे लिए काफ़ी हो गई

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे नसाई ने रिवायत किया है। - इसे अबू दाऊद ने रिवायत किया है। - इसे दारिमी ने रिवायत किया है।

सह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: तुमने सुन्नत को पा लिया और तुम्हारी नमाज़ तुम्हारे लिए…

عن أبي سعيد الخدري رضي الله عنه قال: خرج رَجُلَان في سفر، فَحَضَرَتِ الصلاة وليس معهما ماء؛ فَتَيَمَّمَا صَعيدا طيِّبا فَصَلَّيَا، ثمَّ وجَدَا الماء في الوقت، فأعاد أَحَدُهُمَا الصلاة وَالوُضُوءَ ولم يُعِدِ الآخر، ثم أتَيَا رسول الله صلى الله عليه وسلم فذكَرَا ذلك له فقال لِلَّذِي لَمْ يُعِدْ: «أَصَبْتَ السنة، وَأَجْزَأَتْكَ صَلَاتُكَ». وقال للذي توضأ وأعاد: «لك الأجر مرَّتَين».

हदीस की व्याख्या: तुमने सुन्नत को पा लिया और तुम्हारी नमाज़ तुम्हारे लिए…

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لا إله إلا الله अल्लाह के सिवा कोई माबूद नहीं

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

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