भलाई का प्रत्येक कार्य सदक़ा है।

इस्लाम > Hi > हदीस > फजलत तथ आदब > भलाई का प्रत्येक कार्य सदक़ा है।

हदीस वर्णनकर्ता: इसे बुख़ारी ने जाबिर (रज़ियल्लाहु अन्हु) से और मुस्लिम ने हुज़ैफ़ा (रज़ियल्लाहु अन्हु) से रिवायत किया है

स़ह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

📖 1 मिनट पढ़ने का समय

हदीस का पाठ: भलाई का प्रत्येक कार्य सदक़ा है।

عن جابر بن عبد الله رضي الله عنهما عن النبي صلى الله عليه وسلم قال: «كُلُّ مَعْرُوفٍ صَدَقَةٌ».

हदीस की व्याख्या: भलाई का प्रत्येक कार्य सदक़ा है।

अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम बता रहे हैं कि हर प्रकार का उपकार तथा दूसरों को लाभान्वित करने का प्रयास, चाहे कथन के रूप में हो या कार्य के रूप में, सदक़ा है और उसका प्रतिफल मिलेगा।

सीख: भलाई का प्रत्येक कार्य सदक़ा है।

श्रेणियाँ : फ़ज़ीलतें · सुकर्मों की फ़ज़ीलतें · फ़ज़ीलतें तथा आदाब

بسم الله الرحمن الرحيم बुध 16 जुमादा अल-अव्वल
الأربعاء 16 جمادى الأولى
أحدب متناقص घटता हुआ कूबड़ दिन 16.7 / 29.5
रोशनी 96%
13 दिनों में अमावस्या
الحمد لله अल्लाह की सारी प्रशंसा है

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

पैग़ंबर पर दुरूद