एक रात मैंने अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) के साथ नमाज़ पढ़ी जिसमें आपने सूरा …

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे मुस्लिम ने रिवायत किया है।

सह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: एक रात मैंने अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम)…

عن حذيفة بن اليمان رضي الله عنهما قال: صليت مع النبي صلى الله عليه وسلم ذات ليلة فَافْتَتَحَ البقرة، فقلت: يركع عند المئة، ثم مضى، فقلت: يصلي بها في ركعة فمضى، فقلت: يركع بها، ثم افتتح النساء فقرأها، ثم افتتح آل عمران فقرأها، يقرأ مُتَرَسِّلًا: إذا مَر بآية فيها تَسبِيحٌ سَبَّحَ، وإذا مَر بسؤال سَأل، وإذا مَر بِتَعَوُّذٍ تَعَوَّذَ، ثم ركع، فجعل يقول: «سبحان ربي العظيم» فكان ركوعه نحوًا من قِيَامِهِ، ثم قال: «سمع الله لمن حمده، ربنا لك الحمد» ثم قام طويلًا قريبا مما ركع، ثم سجد، فقال: «سبحان ربي الأعلى» فكان سجوده قريبًا من قيامه.

हदीस की व्याख्या: एक रात मैंने अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम)…

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اللهم صل على محمد ऐ अल्लाह, मुहम्मद पर दरूद भेज

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

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