ऐ अल्लाह के रसूल, माल-मवेशी हलाक हो गए और रास्ते अवरुद्ध हो गए। अल्लाह से दुआ करें कि हमें…

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे बुख़ारी एवं मुस्लिम ने रिवायत किया है

स़ह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: ऐ अल्लाह के रसूल, माल-मवेशी हलाक हो गए और रास्ते अवरुद्…

हदीस की व्याख्या: ऐ अल्लाह के रसूल, माल-मवेशी हलाक हो गए और रास्ते अवरुद्…

एक देहाती जुमा के दिन उमर बिन खत्ताब रज़ियल्लाहु अन्हु के घर की दिशा वाले मस्जिद के पश्चिमी द्वार से नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की मस्जिद में दाखिल हुआइ। उस समय नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम खड़े खुत्बा दे रहे थे। उस व्यक्ति ने नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की ओर मुँह किया, और कहा : ऐ अल्लाह के रसूल, मवेशी हलाक हो गए, और सवारी के जानवरों के मरने या भूख से कमज़ोर हो जाने के कारण रास्ते अवरुद्ध हो गए हैं, अतः अल्लाह से दुआ करें कि वह हमें वर्षा प्रदान करे। फिर आप सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने अपने दोनों हाथ उठाकर फरमाया : ऐ अल्लाह! हम पर बारिश बरसा, ऐ अल्लाह! हम पर बारिश बरसा, ऐ अल्लाह! हम पर बारिश बरसा। अनस बिन मालिक रज़ियल्लाहु अन्हु ने कहा : अल्लाह की क़सम, हमें आकाश में बादल का कोई टुकड़ा नहीं दिख रहा था, और हमारे (जो मस्जिद में थे) तथा मस्जिद के पश्चिम में स्थित सल्अ पहाड़ी, जहाँ से बादल आते हैं, के बीच कोई ऐसा छोटा या बड़ा घर नहीं था, जो हमें उसे देखने से रोकता। अनस रज़ियल्लाहु अन्हु कहते हैं: अचानक उसके पीछे से छोटी चपटी ढाल की तरह एक गोल बादल का टुकड़ा प्रकट हुआ। फिर जब वह मदीना के आकाश के बीचों-बीच आया, तो फैल गया और बरसने लगा। क़सम अल्लाह की, हमने अगले जुमे तक सूरज नहीं देखा। फिर अगले जुमे को वही आदमी उसी दरवाज़े से दाख़िल हुआ, जब आप सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम खड़े होकर ख़ुत्बा दे रहे थे। वह आपके सामने आकर खड़ा हो गया और कहने लगा : ऐ अल्लाह के रसूल, माल बर्बाद हो गया और रास्ते बन्द हो गये हैं। आप अल्लाह से दुआ करें कि वह हमसे बारिश रोक ले। वह कहते हैं : अतः आप सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने अपने हाथ उठाए, फिर फरमाया : ऐ अल्लाह! बारिश को हमारे आस-पास फेर दे, हम पर नहीं। ऐ अल्लाह! उसे ऊँची ज़मीनों जैसे टीलों पर, छोटी पहाड़ियों पर, घाटियों में और पेड़ों के उगने की जगहों पर बरसा। अनस रज़ियल्लाहु अन्हु कहते हैं : चुनांचे फौरन बारिश वाला बादल छँट गया और हम धूप में चलने फिरने लगे।

सीख: ऐ अल्लाह के रसूल, माल-मवेशी हलाक हो गए और रास्ते अवरुद्…

श्रेणियाँ : इबादतों पर आधारित फ़िक़्ह · नमाज़ · फ़िक़्ह तथा उसूल-ए-फ़िक़्ह · बारिश माँगने की नमाज़

بسم الله الرحمن الرحيم बुध 16 जुमादा अल-अव्वल
الأربعاء 16 جمادى الأولى
أحدب متناقص घटता हुआ कूबड़ दिन 16.7 / 29.5
रोशनी 96%
13 दिनों में अमावस्या
الحمد لله अल्लाह की सारी प्रशंसा है

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

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