क्या तुम्हें पता है कि मुजज़्ज़िज़ ने अभी-अभी ज़ैद बिन हारिसा और उसामा बिन ज़ैद को देखा और…

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे बुख़ारी एवं मुस्लिम ने रिवायत किया है।

सह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: क्या तुम्हें पता है कि मुजज़्ज़िज़ ने अभी-अभी ज़ैद बिन…

عن عائشة رضي الله عنها : أن رسول الله صلى الله عليه وسلم دخل عليَّ مسرورًا تبرُقُ أسارِيرُ وجهه. فقال: ألم تَرَيْ أن مُجَزِّزًا نظر آنفًا إلى زيد بن حارثة وأسامة بن زيد، فقال: إن بعض هذه الأقدام لمن بعض».
وفي لفظ: «كان مجزِّزٌ قائفًا».

हदीस की व्याख्या: क्या तुम्हें पता है कि मुजज़्ज़िज़ ने अभी-अभी ज़ैद बिन…

ज़ैद बिन हारिसा (रज़ियल्लाहु अंहु) गोरे थे और उनके बेटे उसामा (रज़ियल्लाहु अंहु) साँवले रंग के। (इसी रंग में अंतर के कारण) लोग उन दोनों के बारे में संदेह जताते और उसामा की निसबत उनके पिता की ओर सही होने के बारे में एतराज़ जताते, जो अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) को कष्ट देता था।

एक दिन दोनों एक चादर से सर ढाँपकर सो रहे थे और उनके पाँव खुले हुए थे कि वहाँ से मुजज़्ज़िज़ मुदलिजी नामी क़ियाफ़ा शनास (सामुद्रिक) गुज़रा और उनके क़दमों के बीच समानताओं को देखकर बोलाः यह क़दम एक-दूसरे से संबंध रखते हैं।

क़याफ़ा शनास ने यह बात अल्लाह के रसूल (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) के सामने कही थी, इसलिए आप इससे अत्यधिक प्रसन्न हुए। आप आइशा (रज़ियल्लाहु अंहा) के पास गए, तो इस ख़ुशी से आपका चेहरा दमक रहा था कि उसामा (रज़ियल्लाहु अंहु) की निसबत उनके पिता की ओर सही साबित हो रही थी और उन लोगों की बात ग़लत सिद्ध हो रही थी, जो बिना किसी आधार के लोगों की इज़्ज़त-आबरू पर हमला करते हैं।

श्रेणियाँ : परिवार से संबंधित फ़िक़्ह · लिआन (पति-पत्नी की ओर से अपने बारे में क़सम से साथ दी गई ऐसी गवाहियाँ, जिनमें पति की ओर से लानत तथा पत्नी की ओर से अल्लाह के क्रोध की बद-दुआ हो) · फ़िक़्ह तथा उसूल-ए-फ़िक़्ह

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لا حول ولا قوة إلا بالله अल्लाह के बिना कोई शक्ति और सामर्थ्य नहीं

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

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