इस्लाम > Hi > हदीस > अकद > अल्लाह ने सबसे पहले क़लम को पैदा किया। फिर उसे लिखने का आदेश दिया तो उसने कहाः ऐ मेरे रब! …
सह़ीह़27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया
📖 1 मिनट पढ़ने का समयعن عبادة بن الصامت رضي الله عنه قال: يا بُنَيَّ، إنك لن تجد طعم الإيمان حتى تعلم أن ما أصابك لم يكن ليخطئك، وما أخطأك لم يكن ليصيبك، سمعت رسول الله صلى الله عليه وسلم يقول: «إن أول ما خلق الله القلم، فقال له: اكتب. فقال: رب، وماذا أكتب؟ قال: اكتب مقادير كل شيء حتى تقوم الساعة». يا بني سمعت رسول الله صلى الله عليه وسلم يقول: «من مات على غير هذا فليس مني».
وفي رواية لأحمد: «إن أول ما خلق الله تعالى القلم، فقال له: اكتب، فجرى في تلك الساعة بما هو كائن إلى يوم القيامة».
وفي رواية لابن وهب قال رسول الله صلى الله عليه وسلم : «فمن لم يؤمن بالقدر خيره وشره أحرقه الله بالنار».
उबादा बिन सामित -रज़ियल्लाहु अंहु- ने अपने बेटे वलीद को वसीयत की है कि भली-बुरी तक़दीर पर विश्वास रखे, तथा यह स्पष्ट किया है कि दुनिया एवं आख़िरत में तक़दीर पर ईमान के क्या कुछ अच्छे परिणाम एवं उसे न मानने के क्या कुछ बुरे परिणाम सामने आते हैं। उन्होंने अपनी बात के प्रमाण के तौर पर रसूल -सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम- की एक हदीस पेश की है, जो यह बताती है अल्लाह ने सृष्टियों को पैदा करने से पहले ही तक़दीरों का निर्धारण कर दिया था तथा क़लम को उन्हें लिखने का आदेश दे दिया था। अतः अब क़यामत तक इस दुनिया में जो कुछ होगा, वह उसी लिखी हुई तक़दीर केअनुसार होगा।
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