मुझे कभी आँख आई (नेत्र-शोथ हुई) और न ही कभी सिर में दर्द हुआ जब से अल्लाह के रसूल- सल्लल्ल…

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे अबू यअ्ला ने रिवायत किया है। - इसे अह़मद ने रिवायत किया है।

ह़सन

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: मुझे कभी आँख आई (नेत्र-शोथ हुई) और न ही कभी सिर में दर्…

عن علي بن أبي طالب رضي الله عنه قال: «ما رَمِدْتُ ولا صُدِعْتُ منذ مَسَحَ رسول الله صلى الله عليه وسلم وجْهي، وتَفَل في عيْنِي يوم خَيْبر حِين أعْطاني الرَّايَة».

हदीस की व्याख्या: मुझे कभी आँख आई (नेत्र-शोथ हुई) और न ही कभी सिर में दर्…

श्रेणियाँ : सीरत-ए-नबवी · सीरत एवं इतिहास · नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की विशेषताएँ

بسم الله الرحمن الرحيم मंगल 15 जुमादा अल-अव्वल
الثلاثاء 15 جمادى الأولى
بدر पूर्णिमा दिन 16.6 / 29.5
रोशनी 96%
13 दिनों में अमावस्या
الله أكبر अल्लाह सबसे महान है

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

पैग़ंबर पर दुरूद