किसी भी नबी को जब उठाया गया, तो उसे जन्नत में उसका ठिकाना दिखा दिया गया और फिर उसे अख़्तिय…

इस्लाम > Hi > हदीस > सरत एव इतहस > किसी भी नबी को जब उठाया गया, तो उसे जन्नत में उसका ठिकाना दिखा दिया गया और फिर उसे अख़्तिय…

हदीस वर्णनकर्ता: इसे बुख़ारी एवं मुस्लिम ने रिवायत किया है।

सह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

📖 1 मिनट पढ़ने का समय

हदीस का पाठ: किसी भी नबी को जब उठाया गया, तो उसे जन्नत में उसका ठिका…

عن عائشة قالت: كان النبي صلى الله عليه وسلم يقول وهو صحيح: «إنَّه لم يُقبض نبيٌّ حتى يرى مقعدَه من الجنة، ثم يُخَيَّر» فلمَّا نزل به، ورأسه على فخِذي غُشِي عليه، ثم أفاق فأشْخَصَ بصرَه إلى سقف البيت، ثم قال: «اللهمَّ الرَّفِيقَ الأعلى». فقلتُ: إذًا لا يختارنا، وعرفتُ أنَّه الحديثُ الذي كان يحدِّثنا وهو صحيح، قالت: فكانت آخر كلمة تكلَّم بها: «اللهمَّ الرَّفِيقَ الأعلى».

हदीस की व्याख्या: किसी भी नबी को जब उठाया गया, तो उसे जन्नत में उसका ठिका…

श्रेणियाँ : सीरत-ए-नबवी · आप सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की मृत्यु · सीरत एवं इतिहास

بسم الله الرحمن الرحيم मंगल 15 जुमादा अल-अव्वल
الثلاثاء 15 جمادى الأولى
بدر पूर्णिमा दिन 16.5 / 29.5
रोशनी 97%
13 दिनों में अमावस्या
لا إله إلا الله अल्लाह के सिवा कोई माबूद नहीं

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

पैग़ंबर पर दुरूद