लोगों से वही बात करो, जो वे समझ सकते हैं। क्या तुम चाहते हो कि अल्लाह तथा उसके रसूल को झुठ…

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे बुख़ारी ने रिवायत किया है।

सह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: लोगों से वही बात करो, जो वे समझ सकते हैं। क्या तुम चाहत…

عن علي بن أبي طالب رضي الله عنه قال: "حدثوا الناس بما يعرفون، أتريدون أن يُكذَّب اللهُ ورسولهُ؟".

हदीस की व्याख्या: लोगों से वही बात करो, जो वे समझ सकते हैं। क्या तुम चाहत…

अमीरुल मोमिनीन अली बिन अबी तालिब -रज़ियल्लाहु अनहु- का निर्देश है कि आम लोगों से वही बात करनी चाहिए, जो उनके समझने योग्य हो तथा उनके लिए लाभदायक हो। जैसे तौहीद एवं हलाल एवं हराम आदि इस्लाम की बुनियादी बातें तथा आदेश-निर्देश। कोई ऐसी बात नहीं करनी चाहिए, जो लोगों के लिए आवश्यक न हो या उनकी समझ से ऊपर होने की वजह से सत्य को ठुकराने का कारण बन जाए।

श्रेणियाँ : अल्लाह की ओर बुलाना · आह्वान एवं भलाई का आदेश देने तथा बुराई से रोकने का प्रबंध करना

بسم الله الرحمن الرحيم मंगल 15 जुमादा अल-अव्वल
الثلاثاء 15 جمادى الأولى
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الله أكبر अल्लाह सबसे महान है

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

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