एक मुस्लिम व्यक्ति पर ज़रूरी है कि वह सुने और आज्ञा का पानल करे। चाहे उसे पसंद हो या नापसं…

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हदीस वर्णनकर्ता: इसे बुख़ारी एवं मुस्लिम ने रिवायत किया है।

सह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

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हदीस का पाठ: एक मुस्लिम व्यक्ति पर ज़रूरी है कि वह सुने और आज्ञा का…

عن ابن عمر رضي الله عنهما مرفوعاً: «على المرء المسلم السمع والطاعة فيما أحب وكَرِهَ، إلا أن يُؤمر بمعصية، فإذا أُمِرَ بمعصية فلا سمع ولا طاعة».

हदीस की व्याख्या: एक मुस्लिम व्यक्ति पर ज़रूरी है कि वह सुने और आज्ञा का…

इस हदीस में बताया गया है कि शासक के आदेशों का पालन करना अनिवार्य है, चाहे उसका आदेश हमें पसंद हो या नापसंद। हाँ, यदि किसी गुनाह का आदेश दिया जाए, तो बात अलग है। क्योंकि गुनाह के काम में उसके आदेश का अनुपालन नहीं किया जाएगा।

श्रेणियाँ : शरई राजनीति · जनता पर इमाम (शासनाध्यक्ष) का अधिकार · आह्वान एवं भलाई का आदेश देने तथा बुराई से रोकने का प्रबंध करना

بسم الله الرحمن الرحيم मंगल 15 जुमादा अल-अव्वल
الثلاثاء 15 جمادى الأولى
بدر पूर्णिमा दिन 16.6 / 29.5
रोशनी 96%
13 दिनों में अमावस्या
سبحان الله وبحمده अल्लाह की महिमा और स्तुति है

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

पैग़ंबर पर दुरूद