मैंने जहन्नम के दो प्रकार के लोगों को नहीं देखा : एक वह लोग जिनके पास गाय की पूँछ जैसे कोड…

इस्लाम > Hi > हदीस > दल क पघलन वल बत और नसहत > मैंने जहन्नम के दो प्रकार के लोगों को नहीं देखा : एक वह लोग जिनके पास गाय की पूँछ जैसे कोड…

हदीस वर्णनकर्ता: इसे मुस्लिम ने रिवायत किया है

स़ह़ीह़

27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया

📖 2 मिनट पढ़ने का समय

हदीस का पाठ: मैंने जहन्नम के दो प्रकार के लोगों को नहीं देखा : एक वह…

हदीस की व्याख्या: मैंने जहन्नम के दो प्रकार के लोगों को नहीं देखा : एक वह…

अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम दो प्रकार के जहन्नमी लोगों से सावधान कर रहे हैं, जिनको आपने देखा नहीं है और जो आपके दौर में मौजूद नहीं थे। दोनों प्रकार के लोग आपके बाद सामने आएँगे :

पहला प्रकार : ऐसे लोग जिनके पास गाय की दुम की तरह लंबे-लंबे कोड़े होंगे, जिनसे लोगों की पिटाई करेंगे। दरअसल मुराद ऐसे पुलिस वाले और अत्याचारियों के अनुयायी हैं, जो लोगों की नाहक़ पिटाई करते हैं।

दूसरा प्रकार : ऐसी औरतें, जो पाकदामनी और हया का लिबास उतार फेंकेंगी, जो एक औरत का प्राकृतिक ज़ेवर है।

आपने बताया कि वह औरतें वैसे तो कपड़े पहनी हुई होंगी, लेकिन वास्तविक रूप से नंगी होंगी। क्योंकि कपड़े इतने बारीक होंगे कि शरीर झलक रहा होगा। साथ ही वह शरीर के कुछ भाग को तो ढापेंगी, लेकिन अपनी सुंदरता का प्रदर्शन करने के लिए कुछ भाग को खुला छोड़ देंगी। वह अपने पहनावे और चाल-ढाल से पुरुषों के आकर्षण का केंद्र बन जाएँगी, गर्दन और कंधे मटका-मटका कर चलेंगी और दूसरों को उसी बिगाड़ और पथभ्रष्टता की ओर ले जाना चाहेंगी, जिसमें वह ख़ुद पड़ी हुई हैं। उनकी एक विशेषता यह है कि उनके सर ऊँट के झुके हुए कोहान की तरह होंगे। वह सर पर पगड़ी आदि बाँधकर उसके साइज़ को बड़ा कर लेंगी। यहाँ बुख़्ती ऊँटों के कोहानों से तशबीह (समानता) इस लिए दी गई है कि उन औरतों के सर के बाल और चूटियाँ ऊँट के कोहानों की तरह ऊपर उठी हुई और एक ओर झुकी हुई होंगी। जिन औरतों के अंदर यह विशेषताएँ पाई जाएँगी, उनके बारे में धमकी यह दी गई है कि वे जन्नत में प्रवेश नहीं करेंगी, उसकी ख़ुशबू तक नहीं पा सकेंगी और उसके निकट नहीं जा सकेंगी। जबकि जन्नत की ख़ुशबू दूर से महसूस की जा सकती है।

सीख: मैंने जहन्नम के दो प्रकार के लोगों को नहीं देखा : एक वह…

श्रेणियाँ : दिलों को पिघलाने वाली बातें और नसीहतें · जन्नत तथा जहन्नम की विशेषताएँ · फ़ज़ीलतें तथा आदाब

بسم الله الرحمن الرحيم मंगल 15 जुमादा अल-अव्वल
الثلاثاء 15 جمادى الأولى
بدر पूर्णिमा दिन 16.6 / 29.5
रोशनी 96%
13 दिनों में अमावस्या
اللهم صل على محمد ऐ अल्लाह, मुहम्मद पर दरूद भेज

إِنَّ ٱللَّهَ وَمَلَٰٓئِكَتَهُۥ يُصَلُّونَ عَلَى ٱلنَّبِىِّ ۚ يَٰٓأَيُّهَا ٱلَّذِينَ ءَامَنُوا۟ صَلُّوا۟ عَلَيْهِ وَسَلِّمُوا۟ تَسْلِيمًا

निस्संदेह अल्लाह और उसके फ़रिश्ते नबी पर रहमत भेजते है। ऐ ईमान लानेवालो, तुम भी उसपर रहमत भेजो और ख़ूब सलाम भेजो

Al-Ahzab 33:56

पैग़ंबर पर दुरूद