इस्लाम > Hi > हदीस > फजलत तथ आदब > न्याय करने वाले सर्वशक्तिमान एवं महान दयावान् (अल्लाह) के दाएँ जानिब, और उसके दोनों हाथ दा…
स़ह़ीह़27 अक्टूबर 2026 को 14h02 बजे अपडेट किया गया
📖 1 मिनट पढ़ने का समयعن عبد الله بن عمرو رضي الله عنهما قال: قال رسول الله صلى الله عليه وسلم: «إِنَّ الْمُقْسِطِينَ عِنْدَ اللهِ عَلَى مَنَابِرَ مِنْ نُورٍ، عَنْ يَمِينِ الرَّحْمَنِ عَزَّ وَجَلَّ، وَكِلْتَا يَدَيْهِ يَمِينٌ، الَّذِينَ يَعْدِلُونَ فِي حُكْمِهِمْ وَأَهْلِيهِمْ وَمَا وَلُوا».
अल्लाह के नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम बता रहे हैं कि जो लोग अपने मातहत (अधीन) लोगों तथा घर वालों के बीच एवं अपने फ़ैसलों में न्याय और सत्य के साथ निर्णय करते हैं, व क़यामत के दिन बैठने के ऐसे ऊँचे स्थानों में बैठे होंगे, जो नूर (प्रकाश) से बने होंगे। ये स्थान उनको उनके सम्मान में दिए जाएँगे। ये ऊँचे स्थान दयावान् अल्लाह के दाएँ ओर होंगे। ज्ञात रहे कि अल्लाह के दोनों हाथ दाएँ हैं।
श्रेणियाँ : सद्व्यवहार पर आधारित फ़िक़्ह · सरहनायोग्य आचरण · फ़ज़ीलतें तथा आदाब