रुकू 554 सूरह Al-Ikhlas (आयत 1 से 4) से है। इसमें 4 आयतें हैं और यह जुज़ 30 में है।
05 अगस्त 2026 को 16h34 बजे अपडेट किया गया
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قُلْ هُوَ ٱللَّهُ أَحَدٌ ﴿1﴾
(ऐ रसूल) तुम कह दो कि ख़ुदा एक है
ٱللَّهُ ٱلصَّمَدُ ﴿2﴾
ख़ुदा बरहक़ बेनियाज़ है
لَمْ يَلِدْ وَلَمْ يُولَدْ ﴿3﴾
न उसने किसी को जना न उसको किसी ने जना,
وَلَمْ يَكُن لَّهُۥ كُفُوًا أَحَدٌۢ ﴿4﴾
और उसका कोई हमसर नहीं